दिल्ली में शुरू होगी विद्या शक्ति मिशन योजना, इन छात्रों को मिलेगा फायदा

0
214
वर्षा वर्मा

 

Vidya Shakti Mission Scheme:  दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज विधानसभा में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए बजट पेश किया। पिछले 27 सालों में दिल्ली में बीजेपी द्वारा प्रस्तुत यह पहला बजट है। इस दौरान स्वच्छता, प्रदूषण नियंत्रण, स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, पानी जैसे प्रमुख मुद्दों पर ध्यान दिया गया है। हालांकि भाजपा सरकार के नेतृत्व में दिल्ली की मुख्यमंत्री बनीं रेखा गुप्ता ने बजट के लिए जनता से सुझाव मांगा था। जिसमें उनको 10,000 से ज्यादा सजेशन मिले हैं। बजट में नई नवेली मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुणवत्तापूर्णं शिक्षा के लिए 2025-26 में नए सीएम श्री स्कूल खोलने की घोषणा की है। इसके अलावा दिल्ली में विद्या शक्ति मिशन योजना की भी शुरुआत की जाएगी।

 

 

 

 

किन छात्रों को मिलेगा विद्या शक्ति मिशन का लाभ
रेखा गुप्ता ने अपने बजट में कहा कि उनकी सरकार पंडित मदन मोहन मालवीय विद्या शक्ति मिशन की शुरुआत करने जा रही है। इसके अंतर्गत JEE, NEET, CLAT, CA इस तरह की जितनी परीक्षाएं हैं उन सभी की तैयारी के लिए छात्रों को प्रोफेशनल मार्गदर्शन दिया जाएगा। वह योजना पंडित मदन मोहन मालवीय विद्या शक्ति मिशन के नाम से शुरू होगी। इस योजना को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुच्छेद 4 के अनुरूप बनाया गया है। इस योजना के लिए सरकार ने 21 करोड़ रुपये की बजट राशि रखी है।

 

 

ये भी पढ़े…

दिल्ली की महिलाओं का हर महीने मिलेंगे 2500, योजना के लिए 5100 करोड़ का प्रावधान

 

 

छात्रों को राष्ट्र नीति का भी दिया जाएगा ज्ञान
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप इस विजन के तहत राष्ट्र नीति के नाम से कार्यक्रम की शुरुआत होगी। इसके लिए 1.5 करोड़ का बजट तय किया गया है। जिसका ध्येय छात्रों को शासन, लोकतंत्र, नागरिकता और नीति निर्माण का व्यवहारिक ज्ञान दिया जाएगा। क्योंकि यहां से जो देश का युवा निकले वो देश के विकास में बेहतर तरीके से योगदान दे सकें।

 

 

दिल्ली सरकारी स्कूल के बच्चे सीखेंगे विभिन्न भाषाएं
इसके अलावा सीएम रेखा गुप्ता ने कहा है कि दिल्ली के 100 सरकारी स्कूलों में भाषा यानि लैंग्वेज लैब खोलने का ऐलान किया है। जिसमें डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के नाम से लैब खोली जाएंगी जहां आधुनिक तकनीक और AI का इस्तेमाल करके अंग्रेजी, हिंदी, फ्रेंच, स्पेनिश, संस्कृत जैसी तमाम भाषाओं को सिखाया जाएगा। इसके लिए सरकार ने 21 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here