वर्षा वर्मा
नई दिल्ली: दिल्ली एनसीआर समेत देश के कई राज्यों में बीते दिन हुई बारिश। वहीं, भारत मौसम विज्ञान विभाग ने आज भी कई राज्यों में तेज हवाएं चलने और गरज-चमक के साथ बारिश होने की बात कही है। हिमाचल प्रदेश उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र में आज तेज हवा चलने के साथ बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग ने आज जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में मौसम को लेकर कोई अलर्ट या चेतावनी जारी नहीं की है। यहां मौसम शुष्क बना रहेगा, इसके अलावा मध्य प्रदेश और बंगाल के कुछ हिस्सों में ओले गिरने की आशंका भी है।
दिल्ली में लुढ़का अधिकतम तापमान
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और एनसीआर में बारिश ने ठंड का असर बढ़ा दिया है। पहले यहां सिर्फ न्यूनतम तापमान में गिरावट थी। लेकिन अब अधिकतम तापमान भी तेजी से नीचे लुढ़क गया है। बीते दिन यहां न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, अधिकतम तापमान 14.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आईएमडी के मुताबिक, बीते दिन दिल्ली में तेज हवा चलने और गरज-चमक के साथ दिनभर रुक-रुककर बारिश हुई। यहां 9 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं आज भी सामान्य रूप से बादल छाए रहने के साथ हल्की बारिश हो सकती है।
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प्याज-सरसों फसल को नुकसान
बीते दिन हुई बारिश से महाराष्ट्र और राजस्थान के कुछ इलाकों में किसान फसलों को नुकसान पहुचंने की आशंका जता रहे हैं। महाराष्ट्र के अकोला में बारिश के कारण खरीफ फसल में अरहर, कपास और रबी फसलों में चना, गेहूं, प्याज और फलों के उत्पादन पर भारी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। अगर ओलावृष्टि होती है तो इन सभी फसलों को गंभीर नुकसान हो सकता है। साथ ही अलवर में प्याज की फसल भी खराब हुई है और सरसों की फसल पर भी खतरा मंडराने लगा है। अलवर, जयपुर, अजमेर, सीकर सहित राजस्थान के 20 से ज्यादा जिलों में 26 दिसंबर की रात से ही बारिश हो रही है। गेहूं, चना, जौ के साथ टमाटर और कुछ फसलों के लिए यह बारिश फायदेमंद साबित होगी। लेकिन, प्याज, सरसों सहित अन्य सब्जियों वाली फसलों के लिए यह बेमौसम बारिश नुकसानदाई है।
बेमौसम बारिश घातक
वहीं, पंजाब और हरियाणा में जो किसान गेहूं और सरसों फसल में पाले को लेकर चिंतित थे। उन्हें इस बारिश से राहत मिली। लेकिन आलू किसान इस बात से चिंतित है कि अगर ज्यादा बारिश हुई तो उनकी फसल प्रभावित हो सकती है। क्यों इनमें रोग का खतरा बढ़ जाएगा।

