प्रदीप शर्मा
करनाल: भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान ने गेहूं की पांच व जौ की तीन किस्में रिलीज की हैं। इसमें गेहूं की डीबीडब्ल्यू-173 गर्मी में भी बंपर उत्पादन देगी। शोध में एक हेक्टेयर में इसका उत्पादन 70 क्विंटल तक आया है। इस किस्म के लिए हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, राजस्थान, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश के ऊना जिला अनुकूल है। इन क्षेत्रों में किए गए शोध के बाद आए सफल परिणाम के बाद इस वेरायटी को रिलीज कर दिया गया है। इसके अलावा पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, ओडिशा व असम के क्षेत्र के लिए एचआइ-1612, डीबीडब्ल्यू-168, यूएएस-375 और एचआइ-8777 को रिलीज किया गया है। इसके अलावा जौ की डीडब्ल्यूआरबी-137, आरडी-2899 और आरडी-2907 की किस्म रिलीज की गई है।
संस्थान के निदेशक डॉ. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि इन वेरायटी के रिलीज होने के बाद इनका सीड तैयार किया जाएगा। उसके बाद यह मार्केट में उपलब्ध होगी। किसी भी वेरायटी को रिलीज करने के बाद पूर्ण रूप से किसानों तक लाने के लिए करीब दो साल लग जाते हैं, क्योंकि किसानों की डिमांड के अनुसार बीज तैयार किया जाता है। डीबीडब्ल्यू 173 की बिजाई नवंबर के आखिरी सप्ताह से लेकर दिसंबर के दूसरे सप्ताह तक की जा सकती है। यह फसल 118 से 120 दिन में तैयार हो जाती है।
पर्यावरण के गर्म मिजाज से लड़ेगी नई किस्म
कई वेरायटी में यह देखने में आया है कि मार्च माह में जब तापमान सामान्य से अधिक हो जाता है तो दाना पिचकना शुरू हो जाता है, लेकिन डीबीडब्ल्यू 173 में ऐसा नहीं होगा। यह किस्म दो से चार डिग्री सेल्सियस अधिक तापमान को भी सहन कर सकेगी। इसके अलावा इसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता भी अन्य किस्मों से ज्यादा है। इसमें आयरन की मात्र 41 पीपीएम यानि पार्ट्स पर मिलियन है।
(दैनिक जागरण से साभार)

