खटिया पर चर्चा का आज तीसरा दिन है। राहुल किसानों के लिए खटिया बिछा रहे थे, और किसान खटिया खड़ी करते हुए दिखे। होना भी चाहिए जब सियासत सिंहासन छोड़ खटिया पर आ जाये, तो जनता को अपने मन का भड़ास निकालने का इससे अच्छा क्या मौका हो सकता है। लोग खुल कर अपनी राय रख रहे हैं और विपक्ष की नेता की हैसियत से कांग्रेस उपाध्यक्ष सभी समस्याओं के लिए प्रधानमंत्री मोदी को दोषी ठहरा रहे हैं। लेकिन यह नहीं बताते कि 10 साल में ऐसी क्या कमी रह गयी कि किसान भाई उन्हें खाट पर ले आये। देवरिया,गोरखपुर के बाद तीसरे दिन राहुल गांधी बस्ती पहुंचे।
अपनी किसान मजदूर यात्रा के के दौरान कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि यहां जनता त्रस्त है और उधर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी मस्त हैं। देश के किसानों की जगह उनकी प्राथमिकता में उद्योगपति आ गए हैं। यही कारण है कि 1010 करोड़ का किसानों का कर्ज माफ करने के बजाए उन्होंने उद्योगपतियों का कर्ज माफ कर दिया। उन्होंने कहा की जनता आने वाले दिनों में इसका हिसाब लेगी। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री सूट बूट पहनकर विदेश यात्राओं में व्यस्त रहते है।जबकि जनता हर तरह से त्रस्त है। ऐसे है हमारे विदेशी प्रधानमंत्री। उन्होंने कहा कि हम आपकी समस्याएं संसद भवन तक पहुचायेंगे।
लूट का सिलसिला थोड़ा थमा है। अपनी यात्रा में वे कभी छात्रों को आटोग्राफ देते नजर आये तो कभी गोरखपुर में गोरखपुर स्थित बाबा राघव दास मेडिकल कालेज में इंसेफ़लाइटिस मरीजों से मिलकर बाहर निकले राहुल गांधी ने एक बार फिर प्रधानमत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल में इंसेफलाइटिस मरीजों के इलाज के लिए सबसे अधिक धन यूपीए की सरकार में दिया गया था।जबकि मोदी सरकार का इस तरफ ध्यान ही नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार केवल उद्योगपतियों की जेब भरने में लगी है, इसीलिए मौत से जूझते इंसेफ़लइटिस मरीजों की फिक्र उसे नहीं है। सहजनवा में नुक्कड सभा समाप्त कर लगभग दो किमी दूर स्थित सहिजना गांव की दलित बस्ती में किसानों से संपर्क किया। इसी बस्ती में उन्होंने एक दलित के यहां भोजन भी किया।
इसके बाद वह सन्तकबीरनगर जनपद में प्रवेश करते ही मगहर में रोड शो करते हुए शाम को लगभग 5.30 बजे राहुल संतकबीर नगर जिला मुख्यालय पहुंचे, जहां एचआरपीजी कालेज के सामने मैदान पर उनकी खाट सभा हुई ।
वहां से निकलकर वह शाम 6.30 बजे मनियरा बाजार में ढाबे पर चाय भी पिया। कांटे तिराहा बस्ती सीमा पर सभा करने के बाद 7.30 बजे मुंडेरवा सुगर मिल पर रुकेऔर आंदोलन में पुलिस की गोली से मारे गए तीन किसानों की मूर्ति पर श्रद्धांजलि अर्पित किया। कल भी यह सिलसिला जारी रहेगा।
कल वे फैजाबाद और अयोध्या में रोड शो करते नजर आएंगे। यह भी कहा जा रहा है कि शुक्रवार को अयोध्या के सबसे फेमस हनुमानगढी मंदिर में प्रार्थना करेंगे। वहाँ से विवादित रामजन्मभूमि स्थाल जाने पर संशय बना हुआ है। कांग्रेस राज्य की सरकार बनाने से 27 सालों से वंचित रही है।



