केंद्र सरकार ने जनौषधि को बढ़ावा देने के लिए एक मोबाइल एप्लिकेशन “जनौषधि सुगम” लॉन्च किया। इस अवसर पर केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री डी.वी. सदानंद गौड़ा ने कहा कि सरकार ने महिलाओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए “जन औषधि सुविधा ऑक्सो-बायोडिग्रेडेबल सेनेटरी नैपकिन” की कीमत अब केवल एक रुपये प्रति पैड कर दी है। सरकार का दावा है कि “जनौषधि सुगम” ऐप लोगों को सहजता से जनौषधि जेनेरिक दवाओं की दुकानें खोज में मदद करेगा और इन दवाओं को जनता के बीच लोकप्रिय बनाएगा।
सरकार के दावों पर यकीन करें तो 28 मिलियन लड़कियां उचित लागत पर अच्छी गुणवत्ता वाले सैनिटरी नैपकिन पैड नहीं मिलने के कारण अपनी शिक्षा छोड़ने पर मजबूर थी। वहीं देश भर में पीएमबीजेपी केंद्रों के बढ़ते नेटवर्क के साथ गरीबों सस्ती दर पर दवाईयां उपलब्ध होने से ऐसे लोगों की काफी बचत हो रही है।
भारत सरकार ने पिछले साल विश्व पर्यावरण दिवस की पूर्व संध्या पर 2.50 रुपये प्रति पैड के हिसाब से “जन औषधी सुविधा ऑक्सो-बायोडिग्रेडेबल सेनेटरी नैपकिन” लॉन्च किया था। सरकार का दावा है कि 31 जुलाई 2019 तक, प्रधान मंत्री भारतीय जनऔषधि केंद्रों के माध्यम से 1.30 करोड़ से अधिक पैड बेचे जा चुके है।
“जनौषधि सुगम” मोबाइल एप्लिकेशन में उपयोगकर्ता के अनुकूल विकल्प होंगे जैसे— पास के जनौषधिन्द्र का पता, जनौषधि सामान्य दवाओं की खोज, एमआरपी और समग्र बचत के रूप में जेनेरिक बनाम ब्रांडेड दवा की उत्पाद तुलना का विश्लेषण करना आदि। यह ऐप मोबाइल Android और iOS दोनों प्लेटफार्मों पर उपलब्ध है। इसे Google Play Store और Apple Store से उपयोगकर्ता द्वारा मुफ्त डाउनलोड किया जा सकता है।

